-शिक्षा विभागीय कर्मचारी संघ ने उठाई मांग, निदेशक को सौंपा ज्ञापन

बीकानेर,निडर इंडिया न्यूज।


शिक्षा निदेशालय में प्रदेशभर से शिक्षा कर्मी आते हैं। भीषण गर्मी के इस दौर में निदेशालय में पानी का संकट है। वाटर कूलर होने के बाद भी पीने के पानी की समस्या से जूझना पड़ रहा है। शिक्षा महकमे के सबसे बड़े कार्यालय में मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। इसका खमियाजा प्रदेशभर से यहां आने वाले शिक्षा कर्मियों, शिक्षकों को भुगतना पड़ रहा है। हालात को देखते हुए शिक्षा विभागीय कर्मचारी संघ ने रोष जताया है।
संगठन के प्रदेशाध्यक्ष कमल नारायण आचार्य के नेतृत्व में एक प्रतिनिधि मंडल एक बार फिर से मूलभूत सुविधाएं मुहैया कराने की मांग को लेकर निदेशक के समक्ष बात पहुंचाई है। संगठन के प्रतिनिधियों ने निदेशक को अवगत कराया है कि कई बार पत्र दिए जा चुके हैं, वहीं 27 अप्रेल को कार्मिक एवं प्रशासनिक सुधार विभाग नेऔचक निरीक्षण किया गया था, जिसमें मात्र खानापूर्ति करते हुए उपस्थिति रजिस्टरों पर फोकस कर कार्मिकों को नोटिस जारी किया गया।

वास्तविक स्थिति में मूलभूत सुविधाओं मे कार्मिकों को पीने के पानी से लेकर कूलर में पानी भरने तक की सुविधाऐं स्वयं को करनी पड़ती है, कार्मिकों को पानी बाजार से खरीद कर पीना पड़ता है।
संगठन के निवेदन पर एसबीआई बैंक ने वाटर कूलर मशीनों की व्यवस्था करवाई थी। लेकिन पानी की अव्यवस्था के कारण बाहर से आने वाले आगन्तुकों को भी पीने की पानी की समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
आचार्य ने यह भी बताया की विभाग में सेन्टर कुलिंग का बजट आने पर भी लम्बे समय से इस पर किसी तरह की कोई कार्यवाही नहीं की गई। इसके साथ ही सोलर सिस्टम भी पूरी तरह से नहीं लग रहा है जिससे विभाग कों लाखों रूपये का बिजली बिल भरना पड़ रहा है। इन पैसों का सद्उपयोग कर बिजली का बिल भी कम होगा और पानी की खपत भी कम होगी। पानी की कमी से पेड़ पौधों को भी नुकसान पहुंच रहा है।







