आस्था : पितरों की तृप्ति के लिए तर्पण अनुष्ठान शुरू, एक पखवाड़े तक चलेगा कर्म

अंतिम दिन पितर अमावस्या पर होगा हवन, दस विधि स्नान और हेमाद्री संकल्प कराया जाएगा

बीकानेर, निडर इंडिया न्यूज। 

पितृ पक्ष के पावन अवसर पर शनिवार से शहर में कई स्थानों पर तर्पण के अनुष्ठान शुरू हुए। पितरों के निमित यह आयोजन 10 अक्टूबर (पितर अमावस्या) तक चलेगा। अंतिम दिन दस विधि स्नान और हेमाद्री संकल्प कराया जाएगा। शहर में धरणीधर तालाब के साथ ही निजी स्थानों और बागेचियों में भी आज से तर्पण कर्म शुरू हुआ।

धरणीधर तालाब पर आस्था का सैलाब…

धरणाीधर तालाब पर आज सुबह 5 बजे से आस्थावान लोगों का जमावड़ा लगने लगा। यहां पर कर्मकांडी पंड़ित नथमल पुरोहित के शिष्य पंड़ित गोपाल ओझा के सान्निध्य में तीन पारियों में तर्पण कर्म कराया जा रहा है। तालाब के दूसरे छोर पर भी तर्पण अनुष्ठान पंड़ित नवरतन व्यास के सान्निध्य में कराया जा रहा है। पितर तृप्ति के इस अनुष्ठान में सैकड़ों श्रद्धालु आस्थावान लोग भागीदारी निभा रहे हैं।

 

पंड़ित गोपाल ओझा के अनुसार तर्पण अनुष्ठान प्रतिदिन तीन बैच में कराया जा रहा है। पहला बैच प्रातः 5 से 6 बजे, दूसरा बैच 6 से 7 बजे और तीसरा बैच 7 से 8 बजे तक चलेगा, श्रद्धालु अपनी सुविधानुसार तर्पण में शामिल हो सकें। उन्होंने बताया कि पितृ पक्ष में पितरों के निमित्त किया गया तर्पण और श्राद्ध विशेष फलदायी होता है।

राधा गार्डन में शुरू हुआ अनुष्ठान…

श्रीरामसर रोड पर स्थित राधा गार्डन (कनू रंगा) की बाड़ी में भी आज से तर्पण अनुष्ठान शुरू हुआ। यहां पर कानू तर्पण मंडल के सदस्यों ने पं जय प्रकाश ओझा के सान्निध्य में तर्पण अनुष्ठान शुरू किया है।

प्रवक्ता अशोक पुरोहित ने बताया कि तर्पण हिन्दू संस्कृति में हर वर्ण करना चाहिए।  तर्पण करने से अपने पूर्वजो को जल द्वारा श्रंदाजली दी जाती है, जिससे वह अपने परिवार को आशीर्वाद देते हैं। घर में सुख शांति समृद्धि होती है, श्राद्ध पक्ष में पूर्वजों के निमित्त तर्पण करना चाहिए कनूमण्डल के सदस्यों में  कन्हैया लाल रंगा, अशोक पुरोहित, बृजू पुरोहित, केके छंगाणी, सागर सा, ललिया चूरा, श्रीकान्त व्यास, भटू महाराज जोशी सहित श्रद्धालुओं ने अंजलि देकर श्राद्ध पक्ष में पूर्वजों से आशीर्वाद लिया।

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