बीकानेर, निडर इंडिया न्यूज।

आने वाले दिनों में चूरू रेलवे स्टेशन की तस्वीर पूरी तरह से बदल जाएगी। यात्रियों के लिए सुविधाओं में विस्तार होगा। इसके लिए विकास कार्य चल रहा है।
अपनी हस्तशिल्प कला,भित्ति चित्रों, शानदार हवेलियों के लिए प्रसिद्ध और पर्यटन की दृष्टी से महत्वपूर्ण चूरू जिले का अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पुनर्विकास का कार्य तीव्र गति से चल रहा है। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक भूपेश यादव के अनुसार स्टेशन भवन के समरूप में बड़े स्तर पर सुधार कार्य, स्टेशन की ओर आने-जाने वाले मार्ग में प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग प्रावधान का कार्य, बाउंड्री वॉल, सर्कुलेटिंग एरिया में सौंदर्य करण, दोपहिया, चौपहिया वाहनों के लिए अलग-अलग पार्किंग सुविधा, बुकिंग ऑफिस रिटायरिंग रूम आदि में सुधार, नए टॉयलेट ब्लॉक्स लगाए जाएंगे ।

19.68 करोड़ की आएगी लागत…
स्टेशन के विकास के लिए 19.68 करोड़ की लागत से पुनर्विकास कार्य कराए जा रहे हैं। इसके अलावा सौंदर्यीकरण के लिए एलइडी लाइटिंग भी की जायेगी। सभी सुविधाओं का दिव्यांगजनों तक पहुंच बनाने के लिए उपयुक्त साइनेज भी लगाया जायेगा ।इस स्टेशन पर कला एवं संस्कृति का समन्वय करते हुए दीवारों एवं छतों पर आकर्षक पेंटिंग भी की जायेगी l इस स्टेशन का लगभग 93 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है।

इसके अलावा यात्री सूचना प्रणाली में सुधार के लिए कोच गाइडेंस डिस्प्ले बोर्ड, मल्टीलाइन डिस्पले बोर्ड्स, सिंगल लाइन डिस्प्ले बोर्ड, पब्लिक एड्रेस सिस्टम, बड़े एलइडी स्क्रीन्स तथा जीपीएस आधारित डिजिटल क्लॉक भी लगाया जायेगा । चूरू स्टेशन पर 12 मीटर चौड़ा पैदल पुल भी बनाया जाएगा जिसकी अनुमानित लागत लगभग 9.33 करोड़ रुपए है।
स्टेशन की प्रकाश व्यवस्था, सुगम,निर्बाध एवं निरंतर तकनीकी रेल कार्यों के संचालन हेतु हरित ऊर्जा उत्पादन सोलर ऊर्जा प्लांट भी स्थापित किया जायेगा । इस हेतु लगभग 18 लाख की लागत से 40 किलोवाट का सोलर प्लांट स्थापित किया गया है।
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत इस स्टेशन के पुनर्विकसित होने से यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी,आवागमन सुगम होगा एवं व्यापारी वर्ग भी लाभान्वित होगा। स्टेशन के पुनर्विकास से स्थानीय कारीगर एवं मजदूरों को रोजगार मिला है जिससे उनकी आय बढी है।
स्टेशन के पुनर्विकसित होने से पर्यटन,स्थानीय हस्तशिल्प कला आदि को बढ़ावा मिलेगा जिससे क्षेत्र की लोकप्रियता बढ़ेगी एवं साथ रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। इस प्रकार स्टेशन के पुनर्विकास से क्षेत्र का आर्थिक और सामाजिक विकास भी होगा।
गौरतलब है कि बीकानेर रेल मंडल पर 22 स्टेशनों का पुनर्विकास एवं बीकानेर स्टेशन का मेजर अपग्रेडेशन हो रहा है।






