बीकानेरNidarIndia.com ‘हाथों में पूजा की थाली, आई रात सुहागों वाली, ओ चांद को देखूं, हाथ मैं जोड़ूं, करवा चौथ का व्रत मैं तोड़ूं, तेरे हाथ से पीकर पानी…फिल्मी गीत की यह पंक्तियां गुरुवार को घर-घर में साकार हो उठी।


मौका था करवा चौथ पर्व का। अपने पति की दीर्घायु, परिवार में सुख-सृमिद्ध की कामना को लेकर सुहागिन महिलाओं गुरुवार को करवा चौथ का उपवास रखा।


दिनभर भूखी रही, रात को चंद्र उदय होने पर पानी से अघ्र्य दिया, परम्परा के अनुसार छलनी से पति का चेहरा देखा। पांव छूकर उनके हाथ से पानी पीने के बाद उपवास का पारना किया। करवा चौथ को लेकर गुरुवार को दिनभर रौनक रही। घरों में मैदा से निर्मित खाजे तैयार किए गए। तो मिठाइयों की दुकानों पर स्पेशल मीठी मठ्ठी के साथ ही विशेष तरह के पकवान बनाए गए थे। महिलाओं ने बाजारों में मिट्टी से बने करवे खरीदने की रस्म भी निभाई।


मिठाइयों की दुकानों पर रही भीड़



करवा चौथ पर्व को लेकर शहर की ख्यातिनाम मिठाई की दुकानों में जबर्दस्त भीड़ रही। भुट्टा चौराह स्थित खंड़ेलवाल मिष्ठान भंडार में पर्व को लेकर स्पेशल आइटम बनाए गए थे, जिनको खरीदने के लिए भीड़ उमड़ पड़ी। निदेशक योगेश रावत ने बताया कि इस बार कई तरह के आइटम करवा चौथ के लिए तैयार किए गए थे।







